लखनऊ। पारा में नगर निगम की कैटल कैचर टीम पर हमले के बाद प्रशासन ने अब सख्त रुख अपना लिया है। रविवार को टीम पर पथराव और मारपीट के दो दिन बाद मंगलवार को भारी पुलिस बल और पीएसी की मौजूदगी में अवैध डेयरियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की गई।
नगर निगम की टीम के साथ तीन थानों की पुलिस और एक कंपनी पीएसी तैनात की गई। सुरक्षा में लगे जवान हेलमेट और बुलेटप्रूफ जैकेट से लैस थे। इसके बाद आदर्श विहार, जनता विहार समेत चार मोहल्लों में अभियान चलाकर करीब 200 भैंसों को पकड़कर हटाया गया। कार्रवाई के दौरान मेयर सुषमा खर्कवाल और नगर आयुक्त गौरव कुमार भी मौके पर पहुंचे। मेयर ने दो टूक कहा कि पुलिस और नगर निगम की टीम पर हमला किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि “पूरा इलाका साफ कर देंगे।”
दरअसल, 16 अगस्त को अवैध रूप से पाले जा रहे पशुओं को पकड़ने पहुंची नगर निगम की टीम पर पशुपालकों ने हमला कर दिया था। टीम ने 18 भैंसों को पकड़ना शुरू किया तो लाठी-डंडों से हमला और पथराव किया गया। इस दौरान बुद्धेश्वर चौकी प्रभारी समेत नगर निगम के चार कर्मचारी घायल हुए थे और चार सरकारी वाहनों के शीशे टूट गए थे। घटना के बाद पुलिस ने पशु कल्याण अधिकारी अवधेश कुमार की शिकायत पर कई नामजद आरोपियों समेत 24 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। कई आरोपियों को हिरासत में लिया गया, जबकि दो महिलाओं की गिरफ्तारी भी हुई।

