Varanasi: उत्तर प्रदेश के वाराणसी में पुलिस और साइबर क्राइम सेल ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए शेयर ट्रेडिंग के नाम पर लोगों से साइबर ठगी करने वाले एक बड़े फर्जी कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है।
भेलूपुर थाना क्षेत्र की रघुनाथपुर कॉलोनी में संचालित इस कॉल सेंटर पर छापेमारी के दौरान 22 से अधिक युवतियों सहित कुल 32 युवक-युवतियों को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार, यह गिरोह देशभर के लोगों को फोन और व्हाट्सएप के जरिए संपर्क कर शेयर बाजार, डिजिटल ट्रेडिंग और स्टॉक इन्वेस्टमेंट में कम समय में कई गुना मुनाफा दिलाने का झांसा देता था। लोगों को फर्जी ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म पर निवेश करने के लिए प्रेरित कर उनसे बड़ी रकम की ठगी की जाती थी।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने दर्जनों लैपटॉप, स्मार्टफोन, कंप्यूटर सिस्टम, फर्जी सिम कार्ड, कॉलिंग स्क्रिप्ट और बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज बरामद किए हैं। शुरुआती जांच में पता चला है कि पढ़े-लिखे बेरोजगार युवाओं को अच्छी सैलरी और इंसेंटिव का लालच देकर कॉलिंग के काम में लगाया जाता था।
पुलिस ने मामले में धोखाधड़ी, जालसाजी, आपराधिक षड्यंत्र और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। साथ ही ठगी में इस्तेमाल किए गए संदिग्ध बैंक खातों और डिजिटल वॉलेट को भी चिह्नित कर फ्रीज कराया जा रहा है।
जांच एजेंसियों को आशंका है कि यह गिरोह देश के अन्य राज्यों में सक्रिय बड़े साइबर क्राइम सिंडिकेट से जुड़ा हो सकता है। मुख्य संचालकों की तलाश में पुलिस की कई टीमें लगातार छापेमारी कर रही हैं।

