लखनऊ: रक्षा बंधन से पहले उत्तर प्रदेश सरकार ने महिलाओं के लिए एक नई पहल शुरू की है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को लखनऊ के इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान से ‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ योजना का शुभारंभ किया। इस दौरान उन्होंने रोडवेज की विशेष बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। योजना के तहत प्रदेश की 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा की सुविधा देने की घोषणा की गई है।
तीन दिन सभी महिलाओं के लिए फ्री यात्रा
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि रक्षा बंधन से ठीक पहले प्रदेश की बेटियों, बहनों और माताओं को यह सुविधा दी जा रही है। 27 से 29 अगस्त तक उत्तर प्रदेश परिवहन निगम की बसों के साथ सिटी बस सेवा में भी महिलाओं को मुफ्त यात्रा का लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को सुविधाजनक और सुरक्षित आवागमन उपलब्ध कराना है। तीन दिन की विशेष सुविधा के बाद 60 वर्ष से अधिक उम्र की प्रदेश की महिलाएं निर्धारित पहचान पत्र दिखाकर मुफ्त यात्रा कर सकेंगी। इस घोषणा से खास तौर पर उन बुजुर्ग महिलाओं को राहत मिलने की उम्मीद है, जिन्हें इलाज, धार्मिक यात्रा, पारिवारिक काम या अन्य जरूरी कार्यों के लिए अक्सर सार्वजनिक परिवहन पर निर्भर रहना पड़ता है।
अहिल्याबाई के नाम पर क्यों रखा गया योजना का नाम?
मुख्यमंत्री ने योजना को लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर के जीवन और उनके कार्यों से जोड़ते हुए कहा कि उन्होंने अपना अधिकांश जीवन जनता और प्रजा की सेवा में समर्पित किया। उनके शासन और सामाजिक कार्यों को महिला स्वावलंबन और सुशासन के उदाहरण के तौर पर प्रस्तुत किया गया। योगी आदित्यनाथ ने कहा कि अहिल्याबाई होल्कर ने महिलाओं के स्वावलंबन की दिशा में महत्वपूर्ण उदाहरण स्थापित किया। उन्होंने देशभर में धार्मिक और सार्वजनिक स्थलों के विकास में भी योगदान दिया। मुख्यमंत्री ने विशेष रूप से वाराणसी के श्री काशी विश्वनाथ मंदिर और सोमनाथ मंदिर समेत कई मंदिरों के जीर्णोद्धार का उल्लेख किया।
महिला सम्मान और सुरक्षा का दावा
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार की महिला सुरक्षा और कल्याण से जुड़ी योजनाओं का भी उल्लेख किया। उन्होंने वर्ष 2017 से पहले के उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि उस समय महिलाओं की सुरक्षा को लेकर लोगों में चिंता का माहौल था। योगी ने अपने संबोधन में कहा कि पहले महिलाओं के लिए इंटीग्रेटेड हेल्पलाइन, महिला बीट सिस्टम और महिला हेल्पडेस्क जैसी व्यवस्थाएं नहीं थीं। उनके मुताबिक, मौजूदा सरकार ने महिला सुरक्षा और शिकायतों के समाधान के लिए इन व्यवस्थाओं को मजबूत किया है।
छात्रवृत्ति और पोषण योजनाओं का जिक्र
मुख्यमंत्री ने अपने भाषण में महिलाओं और बच्चों से जुड़ी सरकारी योजनाओं का जिक्र करते हुए पिछली व्यवस्था पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि पहले पेंशन और छात्रवृत्ति जैसी योजनाओं में लाभार्थियों तक पहुंचने के बीच बिचौलियों की भूमिका रहती थी। उन्होंने पुष्टाहार व्यवस्था में भी कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाया। योगी ने कहा कि वर्तमान सरकार ने योजनाओं को पारदर्शी बनाने और लाभ सीधे पात्र लोगों तक पहुंचाने पर जोर दिया है।
माफिया राज को लेकर विपक्ष पर हमला
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में प्रदेश की पुरानी कानून-व्यवस्था को लेकर विपक्ष पर राजनीतिक हमला भी बोला। उन्होंने कहा कि एक समय प्रदेश में अलग-अलग तरह के माफिया नेटवर्क का प्रभाव था। अपने भाषण में उन्होंने वन माफिया, सैंड माफिया, पशु माफिया और नकल माफिया जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया। योगी ने दावा किया कि उस दौर में माफिया सिंडिकेट का प्रभाव इतना अधिक था कि उनकी गतिविधियां समानांतर सत्ता जैसी दिखाई देती थीं। उन्होंने कहा कि सरकार ने कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के साथ महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता दी है।
बुजुर्ग महिलाओं के लिए क्या है सुविधा?
‘लोकमाता अहिल्याबाई मातृशक्ति यात्रा’ की सबसे अहम विशेषता 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा है। 29 अगस्त के बाद भी उत्तर प्रदेश की निवासी 60 वर्ष से अधिक उम्र की महिलाएं पहचान पत्र दिखाकर इस सुविधा का लाभ उठा सकेंगी। योजना में उत्तर प्रदेश परिवहन निगम के अलावा सिटी बस सेवाओं को भी शामिल किया गया है। इससे प्रदेश के अलग-अलग शहरों में रहने वाली वरिष्ठ महिलाओं के लिए सार्वजनिक परिवहन का इस्तेमाल आसान हो सकता है।

